1.20 लाख की डिमांड… 20 हजार लेते ही विजिलेंस के हत्थे चढ़ा डाटा क्लर्क
हरिद्वार। हर्षिता।जीएसटी कार्यालय में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) की टीम ने राज्य कर विभाग में तैनात उपनल कर्मी प्रमोद सेमवाल को 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है।
बताया गया कि शिकायतकर्ता की फर्म हिमांशी पैकेजिंग इंडस्ट्री वर्ष 2021 में बंद हो चुकी है। जीएसटी लागू होने से पहले वर्ष 2017 के अंतिम तीन माह का 1,76,000 रुपये वैट बकाया बताया गया था।
🔎 निपटाने के नाम पर मांगी मोटी रकम
आरोप है कि जीएसटी कार्यालय में डाटा एंट्री ऑपरेटर के पद पर कार्यरत प्रमोद सेमवाल ने इस देनदारी को “समाप्त” करने के नाम पर 1 लाख 20 हजार रुपये नकद रिश्वत की मांग की। आरोपी ने रकम किस्तों में देने की बात कही थी।
🚨 ऐसे बिछाया गया जाल
शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस टीम ने सत्यापन कर जाल बिछाया।
24 फरवरी को सहायक आयुक्त राज्य कर खंड-3, हरिद्वार कार्यालय के पास आरोपी को 20 हजार रुपये लेते ही दबोच लिया गया।
🏢 18 साल से तैनात था कर्मचारी
प्रमोद सेमवाल उपनल के माध्यम से पिछले करीब 18 वर्षों से उक्त कार्यालय में कार्यरत था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह पुराने वैट मामलों के निपटान के नाम पर अवैध वसूली कर रहा था।
⚖️ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई
सतर्कता अधिष्ठान ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

By DTI