रुद्रपुर/शिमला।हर्षिता हिमाचल प्रदेश के शिमला में होटल कारोबारी के घर हुई करोड़ों की चोरी के मामले में उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले से बड़ा खुलासा सामने आया है। चोरी के माल और नकदी को कथित तौर पर खुर्द-बुर्द करने के आरोप में आबकारी विभाग के चार कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है।
हिमाचल पुलिस ने रुद्रपुर पुलिस के सहयोग से रविवार 20 सितंबर की रात करीब 11:55 बजे चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद हिमाचल पुलिस उन्हें अपने साथ शिमला ले गई, जहां मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मामले की पुष्टि उधम सिंह नगर के जिला आबकारी अधिकारी और पुलिस प्रशासन ने की है।
चेकिंग के दौरान सामने आई आबकारी कर्मियों की भूमिका
पुलिस जांच के मुताबिक, शिमला में चोरी के बाद आरोपी एक सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर कार से दिल्ली होते हुए उत्तराखंड के रास्ते नेपाल की ओर जा रहे थे। इसी दौरान 8 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे रुद्रपुर-रामपुर सीमा स्थित आबकारी चेक पोस्ट पर कार को रोका गया।
कार और उसमें सवार लोगों की चेकिंग की गई थी। बाद में हिमाचल और उत्तराखंड पुलिस की संयुक्त जांच में इसी चेकिंग के दौरान तैनात आबकारी कर्मियों की भूमिका संदिग्ध सामने आई।
जांच और पूछताछ के बाद पुलिस ने उधम सिंह नगर आबकारी विभाग में तैनात दारोगा देवेंद्र कुमार, कॉन्स्टेबल बलजीत सिंह, उपनल कर्मचारी पप्पू लाल और पीएलडी जवान नईम को गिरफ्तार किया।
पुलिस का दावा है कि चारों आरोपियों के कब्जे से शिमला के सदर थाने में दर्ज चोरी के मामले से संबंधित कीमती चोरी की संपत्ति बरामद की गई है।
8 सितंबर को शिमला में हुई थी करोड़ों की चोरी
मामला शिमला का है, जहां होटल कारोबारी रेणु बालजीज ने 8 सितंबर को थाना सदर में अपने घर में चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप था कि घर में काम करने वाली नेपाली मूल की युवती करिश्मा ने अपने साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया।
शिकायत के मुताबिक, खाने में कथित तौर पर नशीला पदार्थ मिलाकर परिवार के सदस्यों को बेहोश किया गया और इसके बाद घर की अलमारियों से सोने-चांदी के आभूषण और नकदी चोरी कर ली गई।
चोरी गए सामान में सोने-चांदी की चूड़ियां, चेन, अंगूठियां और कई पुश्तैनी आभूषण शामिल बताए गए हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार चोरी हुए सामान की कीमत दो करोड़ रुपये से अधिक थी।
आरोपियों ने फोन कर बताई थी ‘चेकपोस्ट’ की कहानी
जांच के दौरान सामने आया कि चोरी के बाद आरोपी कथित तौर पर नेपाल पहुंचे। वहां से उन्होंने होटल कारोबारी को फोन कर दावा किया कि उत्तराखंड की एक चेक पोस्ट पर उन्हें रोक लिया गया था और उनके पास मौजूद चोरी का सामान व नकदी वहां तैनात कर्मियों ने ले ली।
इस जानकारी के बाद हिमाचल पुलिस ने मामले की जांच को आगे बढ़ाते हुए उत्तराखंड पुलिस से संपर्क किया।
चारों कर्मचारी सस्पेंड
मामले में गिरफ्तारी के बाद जिलाधिकारी के आदेश पर चारों आबकारी कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस के साथ-साथ विभागीय स्तर पर भी जांच जारी है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी के माल को खुर्द-बुर्द करने में अन्य कौन-कौन लोग शामिल थे। मामले में बाकी संदिग्ध आरोपियों की तलाश भी जारी है।
फिलहाल गिरफ्तार चारों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है और हिमाचल पुलिस उन्हें शिमला ले जाकर आगे की जांच कर रही है।
