मेलाधिकारी सोनिका ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश, नियमित निरीक्षण, CCTV निगरानी और थर्ड पार्टी गुणवत्ता जांच होगी तेज
हरिद्वार, 28 सितंबर 2026।हर्षिता। कुंभ मेला-2027 को लेकर हरिद्वार में तैयारियां तेजी से आगे बढ़ रही हैं। मेला प्रशासन ने अब निर्माण एवं अन्य व्यवस्थाओं से जुड़े कार्यों की समयबद्धता और गुणवत्ता को लेकर निगरानी और सख्त कर दी है। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि कुंभ से जुड़े सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरे हों और गुणवत्ता के तय मानकों से किसी भी स्तर पर समझौता न किया जाए।
सोमवार को मेला नियंत्रण भवन में मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने कुंभ मेला कार्यों की निगरानी के लिए नियुक्त अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने विभिन्न कार्यों की प्रगति, स्थलीय निरीक्षण और गुणवत्ता जांच की स्थिति की समीक्षा की।
मेलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कुंभ क्षेत्र में चल रहे कार्यों का नियमित स्थलीय निरीक्षण किया जाए और निरीक्षण के दौरान सामने आने वाली कमियों एवं प्रगति की रिपोर्ट तत्काल मेला नियंत्रण कक्ष को उपलब्ध कराई जाए।
CCTV से होगी कार्यस्थलों की निगरानी
कुंभ क्षेत्र में निर्माणाधीन साइटों की निगरानी के लिए लगाए गए CCTV कैमरों को लगातार चालू रखने के निर्देश दिए गए हैं। मेलाधिकारी ने कहा कि कैमरों के माध्यम से कार्यों की प्रगति और व्यवस्थाओं पर प्रभावी नजर रखी जाए, ताकि किसी भी तरह की लापरवाही सामने आने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
उन्होंने सभी कार्यदायी संस्थाओं को पूरी क्षमता के साथ काम करने के निर्देश दिए। बड़ी योजनाओं को समय पर पूरा करने के लिए आवश्यकता पड़ने पर दिन-रात कार्य करने को कहा गया है।
गुणवत्ता से समझौता हुआ तो होगी कार्रवाई
मेलाधिकारी सोनिका ने कहा कि कुंभ मेले के लिए स्वीकृत सभी कार्य तय समयसीमा में पूरे किए जाने हैं, लेकिन तेजी के साथ-साथ गुणवत्ता का ध्यान रखना भी उतना ही जरूरी है।
उन्होंने सभी कार्यों की थर्ड पार्टी गुणवत्ता जांच नियमित रूप से कराने के निर्देश दिए। जांच के दौरान किसी भी प्रकार की कमी सामने आने पर उसे तत्काल दूर कराया जाएगा। गुणवत्ता में लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।
इसके अलावा अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया गया कि स्थलीय निरीक्षण के दौरान यह जांचा जाए कि निर्माण कार्य स्वीकृत DPR (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) के अनुरूप ही किए जा रहे हैं या नहीं।
चार जिलों के अधिकारी करेंगे नियमित निरीक्षण
कुंभ क्षेत्र में चल रहे स्थायी और अस्थायी कार्यों की निगरानी के लिए हरिद्वार, देहरादून, पौड़ी गढ़वाल और टिहरी गढ़वाल के जिला स्तरीय अधिकारियों एवं उप जिलाधिकारियों को नियमित निरीक्षण की जिम्मेदारी दी गई है।
निरीक्षण के दौरान अधिकारी सिर्फ काम की प्रगति ही नहीं, बल्कि उसकी गुणवत्ता का भी परीक्षण करेंगे। थर्ड पार्टी जांच में सामने आई कमियों को दूर किए जाने के बाद मौके पर उसका सत्यापन भी कराया जाएगा।
जरूरत पड़ने पर संबंधित कार्यदायी संस्था से अलग अन्य विभागों के अभियंताओं की तकनीकी मदद लेकर निर्माण कार्यों की स्वतंत्र गुणवत्ता जांच भी कराई जाएगी।
पार्किंग और मेला भूमि की तैयारियों में तेजी
कुंभ मेला क्षेत्र के विभिन्न सेक्टरों में शिविर, पार्किंग और अन्य अस्थायी सुविधाओं की स्थापना को लेकर भी तैयारियां तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। मेला भूमि की सफाई और समतलीकरण का काम तेजी से पूरा कराने को कहा गया है।
मेलाधिकारी ने निर्देश दिया कि अस्थायी कार्य शुरू होने से पहले और कार्य पूरा होने के बाद संबंधित स्थल की ड्रोन वीडियोग्राफी अनिवार्य रूप से कराई जाए। निरीक्षण के लिए नियुक्त अधिकारी इस व्यवस्था का पालन सुनिश्चित करेंगे।
हरिद्वार शहर में पार्किंग स्थलों के चिन्हीकरण पर भी जोर
कुंभ के दौरान यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए हरिद्वार नगर के आंतरिक क्षेत्रों में संभावित पार्किंग स्थलों के चिन्हीकरण के निर्देश भी दिए गए हैं। इसके लिए अपर मेलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी और सचिव एचआरडीए की समिति गठित कर आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) वैभव गुप्ता, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जितेन्द्र कुमार, एचआरडीए सचिव प्रत्यूष सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
वहीं, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की दीप रामचंद्र सेठ, एसडीएम हरिद्वार योगेश मेहरा, एसडीएम भगवानपुर देवेंद्र सिंह नेगी, एसडीएम ऋषिकेश कुमकुम जोशी, एसडीएम यमकेश्वर चतर सिंह चौहान और एसडीएम नरेंद्रनगर आशीष घिल्डियाल समेत विभिन्न अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में भाग लिया।
