हरिद्वार, 26 नवंबर 2025
उत्तराखंड राज्य आंदोलन के शीर्ष सेनानी और राज्य के पूर्व कैबिनेट मंत्री दिवाकर भट्ट को आज खड़खड़ी श्मशान घाट पर राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ओर से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोभाल ने दिवंगत नेता के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।

दिवाकर भट्ट को गार्ड ऑफ ऑनर एवं अंतिम सलामी दी गई, जिसके उपरांत दोपहर 2 बजे उनका दाह संस्कार किया गया। उनके पुत्र ललित भट्ट ने मुखाग्नि देकर पिता को भावपूर्ण विदाई दी। राज्य के सम्मान और योगदान को स्मरण करते हुए मुख्यमंत्री ने जनपद हरिद्वार के सभी सरकारी कार्यालयों में अवकाश घोषित किया।

अंतिम दर्शन एवं शव यात्रा में जन सैलाब उमड़ पड़ा। विभिन्न जिलों से आए जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों, राजनीतिक दलों के पदाधिकारी और हजारों नागरिकों ने नम आंखों से अपने प्रिय नेता को अंतिम प्रणाम किया।

इस दौरान प्रमुख रूप से पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, विधायक मदन कौशिक, आदेश चौहान, रवि बहादुर, मोहम्मद शहजाद, मुन्ना सिंह चौहान, भाजपा जिलाध्यक्ष आशुतोष शर्मा, पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत, प्रीतम सिंह पंवार, गणेश गोदियाल, यूकेडी अध्यक्ष सुरेंद्र कुकरेती, काशी सिंह एरी, दर्जधारी मंत्री महेंद्र प्रताप, एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट कुश्म चौहान सहित भारी संख्या में लोग उपस्थित रहे।

राज्य निर्माण आंदोलन की यादों, संघर्ष और सेवा की विरासत छोड़कर दिवाकर भट्ट आज हमेशा के लिए विदा हो गए—लेकिन उनकी प्रेरणा, विचार और योगदान उत्तराखंड की आत्मा में सदैव जीवित रहेंगे।

By DTI