हरिद्वार गगन नामदेव। आज हरिद्वार में चल रहे चुनावी युद्ध में वैसे तो सभी राजनीतिक दल अपने अपने मुद्दे लेकर जनता के बीच में हैं लेकिन बात अगर 2000 के दशक की की जाए तो एक समय वह भी था जब इसी हरिद्वार में बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए राजनीतिक दल आम जनता को लेकर सड़कों पर धरना प्रदर्शन किया करते थे और कई बार उनके जनप्रतिनिधियों पर मुकदमे भी दर्ज हुए लेकिन आज लगभग दो दशक बाद स्थितियां बिल्कुल विपरीत है ! बिजली पानी सड़क सीवर जैसे मुद्दे चुनाव से गायब हैं क्योंकि जनता का इन सब मुद्दों से कोई सरोकार नहीं रह गया है क्योंकि इनकी शत-प्रतिशत उपलब्धता वर्तमान समय में हरिद्वार में है बीते कुछ सालों की बात करें तो इसी हरिद्वार में जिलाधिकारी कैंप कार्यालय पर पानी की किल्लत को लेकर प्रदर्शन हुआ था तब हरिद्वार के प्रमुख संतों, व्यापारियों और भाजपा नेताओं पर मुकदमे दर्ज किए गए थे !
कई बार महिलाओं ने भी मटके लेकर प्रदर्शन किए थे लेकिन आज स्थिति काफी सकारात्मक है ! और भाजपा जहां बिजली पानी सड़क की वजह से मुद्दे से हटकर मेडिकल कॉलेज डिग्री कॉलेज रिंग रोड अस्पताल चौराहे पार्क, नमामि गंगे घाट ,आस्था पथ, ओपन जिम आदि जैसी बहुत उपलब्धियों को लेकर जनता के बीच है वहीं कांग्रेस के पास भाजपा को घेरने के लिए कोई सशक्त मुद्दा नहीं रह गया है उनके प्रत्याशी नशा और बेरोजगारी जैसे नीरस मुद्दे को लेकर जनता के बीच जूझ रहे हैं और अपना स्थान बनाने का प्रयास कर रहे हैं ! वहीं भाजपा और उसके नेता,कार्यकर्ता अपनी इन तमाम उपलब्धियों को लेकर कांग्रेस पर हमलावर हैं हरिद्वार प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष और वरिष्ठ पत्रकार राजेश शर्मा कहते हैं कि 2000 के दशक में उन्होंने भी हरिद्वार में आमजन व्यापारियों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों पर ऐसे मुकदमे दर्ज होते हुए देखे हैं लेकिन आज स्थितियां बिल्कुल विपरीत है हरिद्वार प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष और वरिष्ठ पत्रकार डॉ शिव शंकर जैसवाल कहते हैं कि उन्होंने 2002 का भी हरिद्वार देखा था और आज वह 2022 का हरिद्वार भी देख रहे हैं लेकिन इन 20 सालों में जो हरिद्वार में परिवर्तन आया है वह आधुनिक विकास की नई परिभाषा को परिभाषित करता है ,वरिष्ठ पत्रकार राहुल वर्मा कहते हैं कि पिछले काफी समय से हरिद्वार में जो निर्माण कार्य चल रहे हैं जिनमें भूमिगत बिजली, भूमिगत गैस परियोजना, चौराहों का सौंदर्यीकरण जैसे महत्वपूर्ण अनेक कार्यो ने हरिद्वार की भौगोलिक स्थिति को बदलने का काम किया है जिससे आमजन में काफी संतुष्टता कि स्थिति दिखाई देती है

अब चुनाव में लगभग 1 सप्ताह बचा है लेकिन कांग्रेस आज भी कार्यक्रमों और जंनसम्पर्कों में भाजपा प्रत्याशी से काफी पीछे है भाजपा और कांग्रेस प्रत्याशी के चुनाव प्रचार में अगर तुलनात्मक समीक्षा की जाए तो भाजपा के कार्यकर्ता लगभग एक दर्जन स्थानों पर एक साथ एक समय चुनाव प्रचार करते दिख रहे हैं वहीं कांग्रेस का चुनाव प्रचार उनके प्रत्याशी के इर्द-गिर्द घूम रहा है चुनाव में जीत हार का विषय तो अलग है लेकिन वर्तमान परिवेश में भाजपा प्रत्याशी मदन कौशिक के सटीक बूथ प्रबंधन को कांग्रेस प्रत्याशी अपने माहौल के आधार पर कितना चुनौती दे पाते हैं इस प्रश्न का उत्तर आगामी 10 मार्च को हरिद्वार की जनता को मिलेगा !
