हरिद्वार।, हर्षिता। फार्मास्युटिकल उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार करने की दिशा में हरिद्वार में एक महत्वपूर्ण पहल की गई। ड्रग्स इंस्पेक्टर अनीता भारती के नेतृत्व में ISHRE इंजीनियर्स की विशेषज्ञ टीम द्वारा लर्निंग सेशन व ट्रेनिंग प्रोग्राम का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जनपद की लगभग सभी फार्मास्युटिकल मैन्युफैक्चरिंग इकाइयों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम का उद्देश्य देशभर में जल्द लागू होने जा रहे संशोधित R-GMP (Revised Good Manufacturing Practices) को लेकर उद्योगों को पहले से जागरूक और तैयार करना रहा। इस दौरान R-GMP नियमों एवं HVAC सिस्टम से जुड़ी तकनीकी जानकारियाँ विस्तार से साझा की गईं।

ड्रग्स इंस्पेक्टर अनीता भारती ने बताया कि पिछले तीन वर्षों में हरिद्वार की लगभग 90 प्रतिशत फार्मा कंपनियां सभी मानकों का सफलतापूर्वक पालन कर रही हैं, जबकि शेष 10 प्रतिशत कंपनियां भी तेजी से नियमों के अनुरूप खुद को अपडेट कर रही हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में उत्तराखंड की फार्मा इंडस्ट्री एक्सपोर्ट और WHO सर्टिफिकेशन की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ेगी, जो राज्य के लिए गर्व का विषय होगा।

वहीं कार्यक्रम में मौजूद ज्वालापुर विधायक रवि बहादुर ने फार्मा उद्योग को प्रदेश की रीढ़ बताते हुए कहा कि यह सेक्टर न केवल बड़े पैमाने पर रोजगार उपलब्ध करा रहा है, बल्कि टैक्स के माध्यम से राज्य की आर्थिक मजबूती में भी अहम योगदान दे रहा है। उन्होंने उद्योगों को आश्वस्त किया कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की नीति या सरकारी स्तर पर समस्या आती है, तो उसे सदन तक प्रमुखता से उठाया जाएगा

अनीता भारती, ड्रग्स इंस्पेक्टर, हरिद्वार

“देशभर में जल्द संशोधित R-GMP लागू होने जा रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह ट्रेनिंग दी गई है, ताकि फार्मा कंपनियां अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप खुद को अपडेट कर सकें।”


– रवि बहादुर, विधायक ज्वालापुर, हरिद्वार

“फार्मा उद्योग प्रदेश की रीढ़ है। ये उद्योग रोजगार भी दे रहे हैं और टैक्स के माध्यम से राज्य को मजबूत बना रहे हैं। उद्योगों की हर समस्या को सदन तक पहुंचाया जाएगा।”

By DTI