नई टिहरी। हर्षिता ।उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नरेंद्रनगर में आयोजित 50वें सिद्धपीठ मां कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले का ध्वजारोहण कर विधिवत शुभारंभ किया। मेले की स्वर्ण जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री ने आकर्षक झांकियों का अवलोकन किया और विकास प्रदर्शनी का उद्घाटन कर विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण किया। नौ दिवसीय राज्यस्तरीय मेले में धार्मिक आस्था, लोक संस्कृति और विकास की झलक देखने को मिली।
टिहरी में पर्यटन को नई रफ्तार देने पर जोर
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मेले के शुभारंभ अवसर पर टिहरी जनपद में संचालित विभिन्न विकास योजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि टिहरी झील के चारों ओर रिंग रोड और पर्यटन मार्ग का निर्माण किया जा रहा है। इसके साथ ही नरेंद्रनगर में राजकीय पॉलिटेक्निक के उच्चीकरण, केंद्रीय विद्यालय, विधि महाविद्यालय और सभागार निर्माण जैसी योजनाओं पर काम किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने गजा अस्पताल के उच्चीकरण और लगभग 50 करोड़ रुपये की लागत से सीवर लाइन निर्माण सहित अन्य विकास कार्यों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सरकार क्षेत्र की आवश्यकताओं के अनुरूप आधारभूत सुविधाओं का विस्तार करने की दिशा में काम कर रही है।
1974 से जारी परंपरा, स्वर्ण जयंती मना रहा मेला
मां कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले का आयोजन वर्ष 1974 से लगातार किया जा रहा है। इस वर्ष मेले की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर विशेष आयोजन किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मेला धार्मिक आस्था, लोक संस्कृति और क्षेत्रीय विकास का महत्वपूर्ण केंद्र बन चुका है।
उन्होंने मेले के संस्थापक एवं तत्कालीन जिलाधिकारी सुरेंद्र सिंह पांगती के योगदान की सराहना की। साथ ही आयोजन समिति, स्थानीय नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और कलाकारों को स्वर्ण जयंती के आयोजन की बधाई दी।
झांकियों में दिखी उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति
मेले के शुभारंभ पर नरेंद्रनगर में आकर्षक झांकियां निकाली गईं। छोलिया नृत्य, महिषासुर मर्दिनी, नरसिंह अवतार, माखन होली, मां कुंजापुरी और बदलता नरेंद्रनगर जैसी झांकियों ने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया।
सांस्कृतिक दलों के साथ प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों के विद्यार्थियों ने भी उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। झांकियों और जनजागरूकता रैली के माध्यम से उत्तराखंड की लोक परंपराओं, सामाजिक जागरूकता और विकास के संदेश प्रस्तुत किए गए।
स्थानीय उत्पादों, पर्यटन और स्वरोजगार को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि पलायन रोकना, स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करना और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए होमस्टे, एक जनपद-दो उत्पाद, हाउस ऑफ हिमालयाज, स्टेट मिलेट मिशन और एप्पल मिशन जैसी योजनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इन पहलों से स्थानीय उत्पादों, कृषि और पर्यटन को प्रोत्साहन मिल रहा है। पर्यटन गतिविधियों का विस्तार होने से ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका के नए अवसर पैदा करने में मदद मिल सकती है।
मां कुंजापुरी मेले की स्वर्ण जयंती के अवसर पर धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और विकास योजनाओं का संगम देखने को मिला।
