रिखणीखाल,प्रभुपाल सिंह रावत।आजादी के “अमृत महोत्सव”, “स्वच्छ भारत अभियान” एवं “सिंगल यूज प्लास्टिक उन्मूलन” कार्यक्रम के परिपेक्ष में रा.इ.का.कोचियार,पोड़ी गढ़वाल में “राष्ट्रीय सेवा योजना” इकाई द्वारा “सिंगल यूज प्लास्टिक”
(डिस्पोजेबल प्लास्टिक) के “दुष्प्रभाव एवं समाधान व निवारण” पर एक गोष्ठी का आयोजन किया गया।
संगोष्ठी में रा.से.यो.कार्क्रम अधिकारी श्री मनमोहन रावत ने बताया कि सिंगल यूज प्लास्टिक उन्मूलन पर केन्द्रीय खेल,युवा कल्याण एवं सूचना व प्रसारण मंत्री श्री अनुराग ठाकुर द्वारा अमृत महोत्सव के तहत प्रयागराज इलाहाबाद से 01अक्टूवर 2021 से “सिंगल यूज प्लास्टिक उन्मूलन” कार्यक्रम का आगाज किया गया,जो 31अक्टूवर2021 को समाप्त होगा।

इस सम्पूर्ण माह चलने वाले इस कार्यक्रम में देश के सभी गैर राजनैतिक संगठनों,स्वयं सेवी संस्थाओं,राष्ट्रीय सेवा योजना इकाइयों द्वारा जागरुकता अभियान व गोष्ठियाँ
आयोजित करने हेतु कहा गया।श्री रावत ने गोष्ठी में बताया कि मनुष्य अपने भौतिक सुखों एवंइच्छाओं की पूर्ति के लिये लगातार प्रकृति से खिलवाड़ कर रहा है। स्वार्थी व
उपभोक्तावादी मानव ने पाँलीथीन के
अंधाधुंध प्रयोग से पर्यावरण को प्रदूषित कर वर्तमान युग को एक प्लास्टिक युग बना दिया है।


विज्ञान अध्यापिका रुचिता ने प्लास्टिक के वर्गीकरण (थर्मोप्लास्टिक व थर्मोसेटिंग पाँलिमर) एवं पाँलिथीन बैगों से गाँव,शहर,कस्बे,जलीय स्रोत व महासागरों के दूषित होने पर अपना व्याख्यान प्रस्तुत किया।
श्रीमती उमेश्वरी ने “सिंगल यूज प्लास्टिक” को वनस्पतियों के वृद्धि व विकास में बाधक एवं मूक पशुओं में विभिन्न बीमारियों व अकाल मृत्यु में प्रमुख कारक बताया।
श्रीमती मीना ने “डिस्पोजेबल प्लास्टिक” के भूमि,जल व जलवायु पर कुप्रभावों के बारे में जानकारी दी।
श्री मनमोहन नेगी ने प्लास्टिक की जगह गोबर से निर्मित गमलों व बाँयोडिग्रेडेबल बैगों के अधिकाधिक प्रयोग व प्लास्टिक निर्माण में लगी इकाइयों पर सरकार द्वारा रोक लगाये जाने की बात कही।
अध्यापिका कु.रूबी ने प्लास्टिक के निर्माण में उपयोग हानिकारक रसायनों के मानव शरीर के सम्पर्क में आने से कैंसर,जन्मजात विकलाँगता व बचपन में बच्चों के विकास पर पड़ने वाले कुप्रभावों के बारे में बताया।
कार्यक्रम का संचालन अध्यापिका कु.आरती व व्यायाम शिक्षक मो. अवेश ने संयुक्त रूप में किया।
श्रीमती गीता ने “सिंगल यूज प्लास्टिक” के घटकों यथा प्लास्टिक थैलियाँ,पाँलीथीन,स्ट्रा,प्लास्टिक गिलास,सोडा,पानी व कोल्ड ड्रिंक्स की बोतलें,खाद्य पैकेजिंग आइटम आदि के प्रयोग न करने व पर्यावरण प्रदूषण को कम करने हेतु सभी की सहभागिता पर अपने विचार व्यक्त किये।
संगोष्ठी के उपरांत रा.से.यो.के स्वयं सेवियों, छात्र/छात्राओं द्वारा विद्यालय के निकट के प्राकृतिक जल स्रोतों की स्वच्छता एवं जड़ाऊखाँद बाजार में “सिंगल यूज प्लास्टिक ” के प्रयोग न करने हेतु जागरुकता रैली एवं बाजार में पड़े प्लास्टिक कचड़े को एकत्र कर स्वच्छता अभियान चलाया।
“सिंगल यूज प्लास्टिक उन्मूलन रैली” एवं स्वच्छता अभियान में साहित्यकार,समाजसेवी, पत्रकार एवं चिकित्सक डा. नरेन्द्र शर्मा,ग्राम प्रधान श्री महिपाल सिंह ,ग्राम प्रधान श्री नरेन्द्र मनराल,श्री चन्द्रमोहन नेगी,श्री बचेसिंह रावत,श्री प्रदीप खनसली,श्री
अनिल,श्री धनसिंह,श्री विक्रम रावत, जड़ाऊखाँद व्यापार मण्डल के पदाधिकारी एवं सदस्य आदि उपस्थित थे।
रा.से.यो. के कार्यक्रम अधिकारी श्री रावत ने “जड़ाऊखाँद व्यापार मण्डल” द्वारा “सिंगल यूज प्लास्टिक उन्मूलन” एवं “स्वच्छता रैली” में प्रतिभाग करने वाले स्वयं सेवियों व छात्र/छात्राओं को जलपान करवाने हेतु विद्यालय परिवार की ओर से आभार व्यक्त किया।

By DTI