रुड़की: सोमवार तीन मार्च को हुई रुड़की नगर निगम की बोर्ड बैठक हंगामेदार रही है. कांग्रेस के पार्षदों ने रुड़की से बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा पर कई गंभीर आरोप लगाए. आरोप है कि बोर्ड बैठक के दौरान पत्रकारों से भी धक्का-मुक्की की गई. कई पार्षदों ने तो यहां तक आरोप लगाया है कि उन्हें बंधक बनाकर बोर्ड बैठक की गई है.
पार्षद नितिन त्यागी का आरोप है कि बोर्ड बैठक में न तो मेयर का कोई रोल दिखा और न किसी अन्य पदाधिकारी. बोर्ड बैठक का एक तरह से बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा ने ही संचालन किया. बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा ने रुड़की नगर निगम की बोर्ड बैठक में सारे काम अपने आप किए है. बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा ने किसी पार्षद के सवालों का जवाब तक नहीं दिया और उन्होंने अपनी मर्जी से ही बोर्ड बैठक को खत्म भी कर दिया.
वहीं बोर्ड बैठक में गई वरिष्ठ पत्रकार रीना ने आरोप लगाया है कि बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा और मेयर अनीता अग्रवाल के पति ने एक्ट का हवाला देते हुए उन्हें कवरेज करने से रोका और कहा कि पत्रकारों को बाद में ब्रीफ किया जाएगा. वहीं जब पत्रकारों ने कहा कि ऐसा कभी नहीं हुआ और उन्होंने बोर्ड बैठक में जाने का प्रयास किया तो उनके साथ धक्का-मुक्की की गई.
वहीं बोर्ड बैठक में हुए हंगामे को लेकर कलियर विधायक हाजी मोहम्मद फुरकान का भी बयान आया है. विधायक हाजी मोहम्मद ने कहा कि उन्होंने भी बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा से गुजारिश की थी कि मीडिया को अपना काम करने दिया जाए, लेकिन बीजेपी प्रदीप बत्रा ने उनकी कोई बात नहीं मानी. विधायक हाजी मोहम्मद फुरकान ने भी इस बात का जिक्र भी किया है कि मंच का संचालन खुद बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा कर रहे थे और सभी सवालों का जवाब भी बीजेपी विधायक प्रदीप बत्रा ही दे रहे थे.