हरिद्वार हर्षिता।राजकीय अतिथि गृह मायापुर के निकट 165 वर्ष से अधिक पुराने पुल पर भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित होने के बावजूद बड़े वाहनों की आवाजाही जारी है। विभाग द्वारा पुल पर चेतावनी बोर्ड लगाया गया है, साथ ही पूर्व में लोहे के गार्डर भी लगाए गए थे, ताकि भारी वाहन न निकल सकें। वर्तमान में ऊपर से लोहे का गार्डर गायब है। इसके चलते भारी वाहन आसानी से पुल पार कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इससे पुल को नुकसान होने के साथ ही किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। मायापुर राजकीय अतिथि गृह के निकट गंगनहर के ऊपर 165 वर्ष से अधिक पुराना पुल है।
जबकि पुल के प्रयोग करने की अवधि समाप्त होने के बाद उसके निकट ही दूसरे पुल का निर्माण कर भी दिया गया है। शुरुआत में पुल से भारी वाहनों की आवाजाही को रोकने के लिए लोहे के तीन गाटर से भारी वाहनों की आवाजाही को रोकने के लिए लोहे के तीन गाटर खड़े किए गए थे। आमने सामने खड़े लोहे का गाटरों के ऊपर एक लोहे का गार्डर सड़क के आरपार लगाया गया था। ससे की बड़े और भारी वाहनों को पुल से न गुजरने से रोका सके। लेकिन कुछ समय बाद ऊपर की ओर से लगा गार्डर हटा दिया गया। उइसके चलते फिर से इस वर्षों पुराने पुल से भारी वाहनों की आवाजाही चेतावनी बोर्ड के बाद भी शुरू हो गई। वर्जनः पुलों पर भारी वाहनों का संचालन प्रतिबंधित है। नए हाइट गार्ड लगाने की योजना है। सभी भारी वाहनों का पुल से संचालन बंद किया जाएगा। भारी वाहनों पर कार्रवाई भी होगी। पुलों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए है। भारत भूषण, एसडीओ यूपी सिंचाई