हरिद्वार:संजीव मेहता ।उत्तराखंड में चारधाम यात्रा रफ्तार पकड़ चुकी है, गर्मियों की छुट्टियों में भी पर्यटकों की भीड़ पहाड़ों की ओर बढ़ रही है, लेकिन इस बार धर्मनगरी हरिद्वार में कारोबारियों के चेहरे उतरे हुए हैं।

कारोबारियों का दावा है कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे खुलने के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक हरिद्वार को बायपास कर सीधे देहरादून पहुंच रहे हैं। इसका असर हरिद्वार के होटल, ढाबा और ट्रैवल कारोबार पर साफ दिखाई दे रहा है।

बताया जा रहा है कि पिछले साल की तुलना में इस बार करीब 40 फीसदी कारोबार प्रभावित हुआ है। कई होटल खाली पड़े हैं और हाईवे किनारे ढाबों पर पहले जैसी रौनक नहीं दिख रही।

होटल एसोसिएशन अध्यक्ष कुलदीप शर्मा का कहना है कि पहले चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालु हरिद्वार में रुककर गंगा स्नान और मंदिर दर्शन करते थे, लेकिन अब एक्सप्रेसवे के कारण लोग समय बचाने के लिए सीधे देहरादून निकल रहे हैं।

ढाबा संचालक कमल खड़का ने भी कहा कि वीकेंड छोड़ दें तो बाकी दिनों में कारोबार बेहद कमजोर हो गया है।

वहीं ट्रैवल कारोबारियों का कहना है कि यात्रियों की संख्या कम होने से बुकिंग घट गई है। खाड़ी देशों में तनाव और गैस की बढ़ती कीमतों ने भी कारोबार पर असर डाला है।

अब स्थानीय कारोबारी सरकार से राहत की मांग कर रहे हैं ताकि धर्मनगरी का पर्यटन कारोबार फिर पटरी पर लौट सके।

By DTI